Thursday, 28 October 2010



सकारात्मक सोच के साथ कार्य करें चिकित्साधिकारी-जिला कलेक्टर


श्रीगंगानगर, 28 अक्टूबर। जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार ने कहा कि चिकित्सा विभाग के सभी अधिकारी एवं चिकित्सक सकारात्मक सोच, परस्पर समन्वय और व्यवहारकुशलता के साथ मरीजों का उपचार करें। आमजन को मौसमी बीमारियों के प्रति जागरूक करने का कार्य एक मिशन के रूप में करें जिससे कि इनको जड़ से खत्म किया जा सके। श्री सुबीर कुमार गुरूवार को कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए चिकित्साधिकारियों को निर्देशित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि चिकित्सक अपने कक्ष को साफ-सुथरा रखें और अपने व्यवहार से मरीजों को संतुष्ट करने की खूबी पैदा करें। सभी चिकित्सकों को प्रपीन अनिवार्य रूप से पहनना होगा अन्यथा उनके खिलाफ 17 सीसी की कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि सभी चिकित्सक अपने कार्यों का आत्मविश्लेषण भी करें। जिला कलेक्टर ने कहा कि जिले की डिग्गियों, खालों और अन्य सार्वजनिक जल भण्डारण स्त्रोतों से संबंधित एक डेटाबेस तैयार करवाया जाएगा। सभी आशा सहयोगिन और एएनएम क्षेत्रावार जल भण्डारण स्त्रोतों का सर्वे करेंगी और इनकी स्थिति, मच्छर पैदा होने की संभावना, मच्छरों को खत्म करने के लिए की गई एंटीलार्वल गतिविधियां, टेमीफॉस तथा काला तेल डाले जाने की तारीख आदि सीएससी पर बैठे चिकित्सा अधिकारी के माध्यम से इस डेटाबेस में अपलोड करवाएगी। यदि किसी भण्डारण स्त्रोत में एण्टीलार्वल गतिविधियां नहीं की गईं है तो इनका उल्लेख भी कारण सहित इस सॉफ्टवेयर के माध्यम से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसकी जिला स्तर पर नियमित समीक्षा की जाएगी। जिला कलेक्टर ने कहा कि जिन स्थानों पर मलेरिया और डेंगू की संभावना अधिक है, उन स्थानों पर नियमित फोगिंग करवाई जाए और इसकी समीक्षा की जाए। जिला कलेक्टर ने जिले के सातों ब्लॉक में एक-एक फोगिंग मशीन अविलम्ब क्रय किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि डेंगू और मलेरिया पर नियंत्राण के लिए प्रशासनिक महकमे के साथ आमजन की भूमिका भी महत्वपूर्ण होती है और इस जागरूकता के लिए चिकित्सा विभाग सहित अन्य महकमे के अधिकारी एक मिशन के रूप में कार्य करें। उन्होंने विभाग द्वारा आइइसी गतिविधियों में और तेजी लाने के निर्देश दिए। जिला कलेक्टर ने कहा कि इसके प्रति लोगों को अधिक से अधिक जागरूक किया जाए। अधिक से अधिक लोगों को डेंगू और मलेरिया के लक्षण तथा इनसे बचने के उपायों को एसएमएस के माध्यम से प्रचारित करने और इन एसएमएस को उनके द्वारा अधिक से अधिक फोरवर्ड किए जाने की अपील करने के निर्देश दिए। श्री सुबीर कुमार ने टीकाकरण का कार्य पूर्ण गंभीरता के साथ करवाने के निर्देश दिए और कहा कि गर्भवती महिला को कब और कौनसा टीका लगाया जाना है, आयरन और फॉलिक एसिड की आवश्यकता कब पड़ती है, प्रसव के बाद वर्षभर कौनसे टीके और कब लगाए जाते हैं, जैसी सूचनाएं एसएमएस अथवा संभव हो तो वॉयस एसएमएस के माध्यम से दी जाएं जिससे कि सुरक्षित प्रसव हो और नवजात को छह प्रकार की जानलेवा बीमारियों से बचाया जा सके। जिला कलेक्टर ने बताया कि इस वर्ष सितम्बर माह तक 6612 महिला और 227 पुरूषों सहित 6839 नसबंदी की गई जो लक्ष्य का 45.16 प्रतिशत है। उन्होंने कहा कि नसबंदी में जिला अब तक राज्य में पहले स्थान पर है। जननी सुरक्षा योजना के तहत गत माह तक 15854 संस्थागत प्रसव हुए जिनमें से 14505 को जेएसवाई के तहत लाभांवित किया जा चुका है। इस योजनांतर्गत अब तक 258.87 लाख रूपये की राशि व्यय की गई है। बीपीएल देशी घी योजना के तहत अब तक देशी घी के 1680 कूपन जारी किए जा चुके हैं। उन्होंने बताया कि सितम्बर माह तक 19525 बच्चों का टीकाकरण किया जा चुका है और मुख्यमंत्राी बीपीएल जीवन रक्षा कोष योजना के तहत 40.70 लाख रूपये की राशि व्यय की गई है। बैठक में ग्राम स्वास्थ्य और स्वच्छता समिति द्वारा सूरतगढ़ और सादुलशहर में चल रहे प्रशिक्षण के बारे में बताया और ब्लॉक सीएमओ को इनका निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। उन्होंने कहा कि शीघ्र में संचालित सभी प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों को 24 गुणा 7 के रूप में चयनित किया जा जाएगा जिससे मरीजों को सुविधा होगी और संस्थागत प्रसव में भी इजाफा होगा। जिला कलेक्टर ने बताया कि सीएचसी केसरीसिंहपुर और विजयनगर में सामुदायिक भवन निर्माण के लिए साल लाख रूपये प्रत्येक के हिसाब से स्वीकृत किए गए है। जिनका निर्माण कार्य पीडब्ल्यूडी के माध्यम से करवाया जा रहा हैं। बैठक में अन्य निर्माण कार्यों पर चर्चा करते हुए उनकी समीक्षा की गई। बायो मेडिकल वेस्ट के निस्तारण के अलावा अंधता, टीबी और कुष्ठ रोग निवारण कार्यक्रम तथा आईडीएसपी कार्यक्रम के बारे में चर्चा भी की गई। इस अवसर पर सीएमएचओ डॉ एच एस बराड़, पीएमओ डॉ नीना गोयल, एडि. सीएमएचओ डॉ आईपीएस पूनिया, राजस्थान हैल्थ डवलपमेंट प्रोजेक्ट के प्रभारी डॉ पवन सैनी, डिप्टी सीएमओ डॉ सुरेश जैन सहित अन्य डिप्टी सीएमओ तथा चिकित्साधिकारी उपस्थित थे।

Tuesday, 26 October 2010


जिला स्थापना दिवस के अवसर पर महाराजा गंगासिंह चौक पर आयोजित कार्यक्रम में जिला प्रमुख श्रीमती शांति देवी पूनिया, सभापति श्री जगदीश जांदू, नगर विकास न्यास के पूर्व अध्यक्ष श्री राजकुमार गौड़, जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार और पुलिस अधीक्षक श्री रूपिन्द्र सिंह

जिला स्थापना दिवस के अवसर पर महाराजा गंगासिंह चौक पर आयोजित कार्यक्रम में सम्बोधित करते जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार

श्रीगंगानगर स्थापना दिवस के अवसर पर शिवपुर हैड पर आयोजित कार्यक्रम में हवन के दौरान आहूति देते जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार

धूमधाम से मनाया गया श्रीगंगानगर का 84वां स्थापना दिवस
शिवपुर हैड पर हुई सर्वधर्म प्रार्थना, पूजा और अर्चना, महाराजा गंगासिंह का किया नमन
श्रीगंगानगर, 26 अक्टूबर। श्रीगंगानगर जिले के 84वें स्थापना दिवस के अवसर पर मंगलवार को प्रातः आठ बजे से शिवपुर हैड स्थित गंगनहर उद्गम स्थल पर सिंचाई विभाग और लीला चैरिटेबल ट्रस्ट की और से आयोजित कार्यक्रम में जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार के नेतृत्व में सर्वधर्म प्रार्थना, पूजा और हवन किया गया। इस अवसर पर जिला कलेक्टर ने पौधारोपण भी किया।

शिवपुर हैड पर आयोजित कार्यक्रम में महावीर दल मंदिर के पुजारी पं. कृष्ण कुमार तिवारी, जामा मस्जिद श्रीगंगानगर के सदस्य हाजी लाल मोहम्मद, गुरूद्वारा सिंह सभा के हेड ग्रंथी श्री कुलदीप सिंह और हेड रागी श्री दयाल सिंह तथा सेक्रेट हार्ट चर्च के फादर जोन ने सर्व-धर्म प्रार्थना के माध्यम से जिले के अनवरत विकास की कामना की। इस अवसर पर जिला कलेक्टर ने गायत्राी मंत्रा के उच्चारण के साथ हवन भी करवाया और पूजा के नारियल को गंगनहर में प्रवाहित किया। गायत्राी परिवार से जुड़े श्री चित्राभान सिंह और तेज बहादुर सिंह चौहान ने वैदिक मंत्रों का उच्चारण किया।

इस अवसर पर जिला कलेक्टर ने कहा कि जिले में विकास की दृष्टि से महत्वूपर्ण शिवपुर हैड को पर्यटन स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके लिए दस लाख रूपये की राशि पूर्व में स्वीकृत की जा चुकी है। भविष्य में भी आवश्यकतानुसार राशि जारी की जाएगी।

इस अवसर पर एडीएम प्रशासन श्री हनुमान दान बिठू, एडीएम सिटी श्री रतन सिंह लाम्बा, एसडीएम श्री नरेन्द्र सिंह पुरोहित, गंगनहर प्रणाली के अधीक्षण अभियंता श्री अमरजीत सिंह मेहरड़ा, लीला ट्रस्ट के श्री प्रेम चौधरी, तहसीलदार श्री रामेश्वर लाल जोशी, फतूही ग्राम पंचायत के सरंपच श्री कृष्ण सिहाग सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
महाराजा गंगासिंह को श्रद्धांजलि

अर्पितः श्रीगंगानगर जिले के स्थापना दिवस के अवसर पर मंगलवार को महाराजा गंगासिंह चौक स्थित प्रतिमा स्थल पर महाराजा गंगासिंह के चित्रा पर पुष्पांजलि अर्पित कर माल्यार्पण किया गया।
इस अवसर पर संबोधित करते हुए जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार ने कहा कि स्वप्नदृष्टा महाराजा गंगासिंह ने अपनी राजनीतिक कुशलता के कारण तात्कालिक शासकों से संपर्क स्थापित कर पंजाब का सरप्लस पानी राजस्थान लाए जिससे जिले का अकल्पनीय विकास संभव हो पाया है। उन्हेांने कहा कि जिले में अब भी विकास की विपुल संभावनाएं हैं और यहां के लोगों की सहृदयता और परस्पर भाईचारे का व्यवहार प्रेरणादायी है।

पुलिस अधीक्षक श्री रूपिन्द्र सिंह ने कहा कि महाराजा गंगासिंह के बिना श्रीगंगानगर का उल्लेख करना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि यहां जन्म लेने वाले नागरिक और यहां जीवन यापन करने वाले लोग भाग्यशाली हैं। महाराजा गंगासिंह को कुशल राजा और सद्पुरूष बताते हुए उन्होंने कहा कि गंगासिंह के विचारों का अनुसरण करके सफलता प्राप्त की जा सकती है।

नगर विकास न्यास के पूर्व अध्यक्ष श्री राज कुमार गौड़ ने कहा कि महाराजा गंगासिंह को नमन करना और उनके कार्यो से प्रेरणा लेना आने वाली पीढ़ियों के लिए उपयोगी रहेगा। स्वयं महाराजा गंगासिंह ने गंगनहर जल प्रवाह को अपने जीवन का सबसे यादगार और महत्वपूर्ण दिन बताया था। उन्होंने शहरवासियों से शहर को सुंदर बनाने का संकल्प लेने की अपील की। उन्होंने कहा कि आज शहर विकास के पथ पर अग्रसर है, इसमें महाराजा गंगासिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।

जिला प्रमुख श्रीमती शांति देवी पूनिया ने कहा कि इस दिन का हमारे लिए बड़ा महत्व है। इस दिन थार भागीरथी ने जिले की पावन घरा को छूआ था और जिले को सरसब्ज करने में महाराजा गांगासिंह की अहम भूमिका थी। नगर परिषद के सभापति श्री जगदीश जांदू ने कहा कि गंगनहर आने के बाद जिले विकास के पथ पर अग्रसर होते-होते आज एक मुकाम तक पहुंच चुका है। गंगासिंह की दूरदृष्टि के कारण ही यहां नहर आना संभव हो सका और जिला खुशहाल हुआ है।

इस अवसर पर पूर्व जिला प्रमुख श्री सीताराम मौर्य, एडीएम प्रशासन श्री हनुमान दान बिठू, एडीएम सिटी श्री रतन सिंह लाम्बा, एसडीएम श्री नरेन्द्र सिंह पुरोहित, नगर परिषद आयुक्त श्री जीवन दास डगला, उपसभापति श्री पुष्पा सोनी, श्री कश्मीरी लाल जसूजा, डॉ ब्रज मोहन सहारण, श्री खेतपाल झटवाल, श्री रमेश राजपाला, श्री के सी शर्मा सहित विभिन्न जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी और अन्य गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।


जिला कलेक्टर ने नवजीवन लाभार्थियों को बांटे चैक

श्रीगंगानगर, 25 अक्टूबर। जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार ने सोमवार को कलेक्ट्रेट में अन्य पिछड़ा वर्ग वित्त एवं विकास सहकारी निगम लिमिटेड जयपुर की ओबीसी की ऋण योजनांतर्गत सात लोगों को तीन लाख बतीस हजार पांच सौ रूपये के चैक वितरित किए। जिला कलेक्टर ने बताया कि नवजीवन योजनांतर्गत लाभांवित इस श्रेणी के 22 लोगों के ऋण स्वीकृत हुए हैं जिनमें से सात लोगों को प्रति व्यक्ति 47500 रूपये के हिसाब से इस राशि के चैक वितरित किए गए। उन्होंने बताया कि इससे पूर्व भी 47 व्यक्तियों को ऋण वितरित किए जा चुके हैं। इस अवसर पर समाज कल्याण अधिकारी श्री संजय सावलानी, सीपीओ श्री इन्दीवर दूबे, निक के सहप्रभारी श्री परमजीत सिंह उपस्थित थे।

Saturday, 23 October 2010



जिला कलेक्टर ने ली युवाओं की क्लास


श्रीगंगानगर, 23 अक्टूबर। देश के हर नागरिक को संविधान के मौलिक कर्तव्यों और अधिकारों की जानकारी होना आवश्यक है। निर्णय क्षमता विकसित करने के लिए संवैधानिक ज्ञान अत्यंत महत्वपूर्ण है। प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओ को संवैधानिक जानकारी अनिवार्य रूप से होनी चाहिए। जिला कलेक्टर श्री सुबीर कुमार ने शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को संबोधित करते हुए यह बात कही। उन्होंने राइट टू इंफोरमेशन, राइट टू एम्प्लायमेंट, राइट टू एज्यूकेशन, राइट टू रेपुटेशन, राइट टू फ्रीडम फोर नॉयस पोल्यूशन के अलावा भारत सरकार द्वारा प्रस्तावित राइट टू फूड के बारे में जानकारी दी। संविधान के अनुच्छेद 356, 368, 370, 21, 14, 64, 17 और 18 के संबंध में बताया। जिला कलेक्टर ने ‘इक्विलिटी बिफोर लॉ’ और ‘इक्वल प्रोटेक्शन ऑफ लॉ’ का विस्तारपूर्वक वर्णन किया। सिविल सर्विसेज परीक्षाओं के लिए बदले गए पैटर्न को प्रतियोगियों के लिए फायदेमंद बताते हुए उन्होंने कहा कि इससे एक ही परिपेक्ष्य और धारा में अध्ययन कर, उन्हें अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी करने का मौका भी मिलेगा। सिविल सेवाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू डॉट सिविल सर्विसेज इंडिया डॉट कॉम वेबसाइट को महत्वपूर्ण बताया और कहा कि इस वेबसाइट पर सिविल सर्विसेज परीक्षा की पात्राता की शर्ते, सिलेबस, प्रश्न और उनके उत्तर, प्रयासों की संख्या और अध्ययन सामग्री उपलब्ध है जो कि विद्यार्थियों के लिए फायदेमंद सिद्ध होगी। उन्होंने युवाओं को समय प्रबंधन का विशेष ध्यान रखने पर बल दिया। जिला कलेक्टर ने कहा कि डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू डॉट बीबीसी हिन्दी डॉट कॉम के माध्यम से विश्लेषणात्मक समाचार, डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू डॉट वीओएन्यूज डॉट कॉम के माध्यम से वॉयस ऑफ अमेरिका की लर्न इंग्लिश न्यूज तथा डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू न्यूजऑनएआईआर डॉट कॉम के माध्यम से अपने ज्ञान की वृद्धि कर सकते हैं। उन्होने कहा कि न्यूजऑनएआईआर में प्रसारित होने वाले कार्यक्रम पब्लिक स्पीक, करंट अफेयर्स, सुर्खियों से परे, स्टॉक मार्केट और इंटरव्यू ऑफ वीक में विभिन्न पहलूओं की सूक्ष्मतम जानकारी दी जाती है। आधुनिक भारतीय इतिहास पर विस्तृत व्याख्या करते हुए उन्होंने 1885 में भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस की स्थापना से लेकर 1947 में देश के आजाद होने तक की विभिन्न घटनाओं के बारे में बताया। उन्होंने बंग-भंग, रोलेट एक्ट, जलियांवाला बाग हत्याकाण्ड, खिलाफत और असहयोग आंदोलन, चोरा-चोरी काण्ड, दाण्डी मार्च, गोलमेज सम्मेलन, क्रिप्स मिशन, सविनय अवज्ञा आंदोलन, भारत छोड़ो आंदोलन और 1947 में देश के विभाजन की परिस्थितियों और परिणामों के बारे में युवाओं की जिज्ञासाओं का समाधान किया। प्रागैतिहासिक काल के इतिहास की चर्चा के दोरान उन्होंने सिंधू घाटी सभ्यता, गुप्त और मौर्य वंश तथा दक्षिण भारतीय साम्राज्य की जानकारी दी वहीं मध्यकाल में मुगल साम्राज्य के उत्थान और पतन तथा मुगलकालीन स्थापत्य, साहित्य, चित्राकला ओर अन्य शैलियों के बारे में जानकारी दी। इस दौरान उन्होंने युवाओं के प्रश्नों का जवाब देकर उनकी जिज्ञासाओं का शांत भी किया।